Portrayal of Human Trafficking through Mass Media and Awareness in Society(EN)
Research Scholar (Journalism and Mass Communication), LNCT University, Bhopal (MP)
WitWaves Journal of Multidisciplinary Research, Volume 3, Issue 1, 2026, 3025dd35-c706-4095-a835-46c812608789
https://doi.org/10.64175/wjmr.vol.3.issue1.5
Published: 20 February 2026
Abstract
मानव तस्करी समकालीन समाज की एक गंभीर सामाजिक एवं मानवाधिकार संबंधी समस्या है, जिसकी रोकथाम में समाज की सजगता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। वर्तमान समय में जन माध्यम समाज में सजगता उत्पन्न करने का एक सशक्त साधन हैं। प्रस्तुत शोध का उद्देश्य यह अध्ययन करना है कि जन माध्यम मानव तस्करी की घटनाओं को किस प्रकार प्रस्तुत करते हैं तथा उनकी प्रस्तुति समाज में सजगता के स्तर को किस हद तक प्रभावित करती है। इस शोध में वर्णनात्मक एवं विश्लेषणात्मक शोध प्रविधि का प्रयोग किया गया है। अध्ययन क्षेत्र के रूप में मध्यप्रदेश राज्य के भोपाल नगर का चयन किया गया है। प्राथमिक आँकड़े प्रश्नावली के माध्यम से जनसामान्य से एकत्र किए गए हैं, जबकि द्वितीयक आँकड़ों के अंतर्गत पुस्तकों, शोध पत्रों, सरकारी रिपोर्टों तथा चयनित मीडिया सामग्री का अध्ययन किया गया है। साथ ही, मानव तस्करी से संबंधित समाचारों एवं लेखों का सीमित कंटेंट विश्लेषण भी किया गया है। अध्ययन के निष्कर्ष दर्शाते हैं कि समाज में मानव तस्करी के प्रति सामान्य स्तर की सजगता मौजूद है और इसमें जन माध्यमों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। तथापि, मीडिया प्रस्तुति प्रायः घटनात्मक एवं अल्पकालिक पाई गई है, जिसमें विश्लेषणात्मक और रोकथाम-केंद्रित सामग्री का अभाव है। शोध यह निष्कर्ष प्रस्तुत करता है कि यदि जन माध्यम अधिक संवेदनशील, निरंतर और जागरूकता-उन्मुख भूमिका निभाएँ, तो समाज में मानव तस्करी के प्रति सजगता को और अधिक सुदृढ़ किया जा सकता है।
